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गैस्ट्रोइंटेस्टाइनल विज्ञान  > 

उपचार एवं कार्यविधि

उपचार एवं कार्यविधि

अनुभवी जठररोग विशेषज्ञ एवं लिवर विशेषज्ञों, जो विभिन्न इंडोस्कोपिक प्रक्रियाओं के निदान करने, प्रक्रिया करने में काम करते है, जो सिर्फ निदान में ही मदद नहीं करते लेकिन उसी समय उपचार भी प्रदान करते है।यह विशेषता न्यूनतम अस्पताल में रहने के साथ और कम लागत के साथ तत्वरित आरोग्य प्राप्ति प्रदान कराती है।

गैस्ट्रोइंटेस्टाइनल सेवाएं

गैस्ट्रोइंटेस्टाइनल विज्ञान पिछले दस वर्षों मेंतेजी से बढ़ रही विशेषता में से एक है। निदान और जटिल गैस्ट्रोइंटेस्टाइनल समस्याओं का इलाज उन्नत तकनिकी जैसे कि हाई डेफिनिशन एंडोस्कोप, संकीर्ण बैंड इमेजिंग (एनबीआई), एंडोस्कोपिक अल्ट्रासाउंड, दूरदर्शक यंत्र तकनिकी, फाईब्रो स्केन, इत्यादि का उपयोग कर के संदर्भ में प्रभाव है।

गैस्ट्रोएंटरोलॉजी चिकित्सा विभाग

न्यूनतम आक्रामक हस्तक्षेप गैस्ट्रोएंटरोलॉजी

यह मेडिकल विंगअनुभवी जठरांत्र चिकित्सक और लीवर विशेषज्ञों का समावेश करता है, जो विभिन्न इंडोस्कोपिक प्रक्रियाओं के निदान करने, प्रक्रिया करने में काम करते है, जो सिर्फ निदान में ही मदद नहीं करते लेकिन उसी समय उपचार भी प्रदान करते है। यह विशेषता न्यूनतम अस्पताल में रहने के साथ और कम लागत के साथ तत्वरित आरोग्य प्राप्ति प्रदान कराती है। यह उपचार खास कर जठरांत्र रक्तस्राव, पित्त नलिका की पथरी वाले रोगियों, और अग्नाशयशोथ और उसकी जटिलता (स्युडोसिस्ट) वाले रोगियों के साथ किया जाता है। इस प्रकार का इंडोस्कोपिक हस्तक्षेप उपचारजठरांत्र संबंधी मार्ग को प्रभावित करने वाले विभिन्न तरह के कैंसर वाले रोगियों के साथ भी किया जाता है (पेट, अन्नप्रणाली, बृहदान्त्र, इत्यादि में ब्लॉक के पार स्टेंट रखना) और पित्त नली, पित्ताशय और अग्न्याशय के कैंसर, जो पित्त के प्रवाह के लिए रुकावट पैदा करते है उसे भी शामिल करता है।अग्न्याशय, पित्ताशय या पित्त नली में कैंसरसे प्रभावित इन रोगियों में से 50 प्रतिशत से अधिक को वास्तव में ट्यूमर है जो कि इलाज के योग्य नहीं है और उनको उच्च अंत इंडोस्कोपिक प्रक्रिया सबसे अच्छी/कम से कम प्रस्तावित किया जानेवाला इनवेसिव उपचार है।

    यह विभाग निम्नलिखित को संचालित करने के लिए सुसज्जित है:
  • जीर्ण लीवर रोग और उसकी जटिलताएं
  • इसोफेजियल विकार (कैंसरऔर सौम्य)
  • गैस्ट्रिक विकार जैसे कि पेप्टिक अल्सर और कैंसर
  • कोलोरेक्टल रोग और कैंसर
  • सूजन आंत्र रोग
  • अल्सरेटिवकोलाइटिस और क्रोहन रोग
  • पेट में क्षयरोग और अन्य

हमारा केन्द्र-बिंदु

  • गैस्ट्रोइंटेस्टाइनल कैंसर के साथ-साथ सभी गैस्ट्रोइंटेस्टाइनल, लीवर, पित्त और अग्नाशय के विकार के लिए नैतिकता, क्षमता और सुरक्षा के उच्चतम मानकों के साथ सारवार प्रस्तावित करते है और करते है।
  • हम सभी गैस्ट्रोइंटेस्टाइनल इंडोस्कोपिक हस्तक्षेप के लिए हमराज्य के अत्याधुनिक तकनीक के साथ सुरक्षामानकों को सुनिश्चित करते है एवं एंडोस्कोप और उसके साधनो का अंतरराष्ट्रीय दिशा निर्देशों / मानकों से कीटाणुशोधन सुनिश्चित करते है।
  • सभी उन्नत चिकित्सकीय एंडोस्कोपी अधिग्रहण करने के लिए और उसे करने के लिए, अत्यंतनैतिकता, कौशल और विशेषज्ञता के राज्य के अत्याधुनिक गैस्ट्रोइंटेस्टाइनल हस्तक्षेप है।

यह विभाग एक ही छत के नीचे गैस्ट्रोइंटेस्टाइनल, अग्नाशय, पित्त नली और लीवर और पित्ताशय की थैली समस्याओं को असर करने वाले रोगो में मदद करता है, मेडिकल और सर्जिकल। आनेवाले मरीज को जठरांत्र चिकित्सक और सर्जिकल की एक टीम द्वारा मूल्यांकन किया जाता है। व्यापअक उपचार प्रस्तावित किया जाता है क्योंकि कुछ रोगियों को केवल इंडोस्कोपिक उपचार की आवश्यकता हो सकती है (सर्जरी के बिना) या वास्तव में सर्जिकल हस्तक्षेप की आवश्यकता हो सकती है।

सर्जिकल गैस्ट्रोएंटरोलॉजी विभाग

सर्जिकल गैस्ट्रोएंटरोलॉजी का विभाग विभिन्न जटिल हिपेटॉबिलरी ट्युमर और सौम्य रोगों, अग्नाशय के रोगों और गैस्ट्रोइंटेस्टाइनल सर्जिकल समस्याओं के लिए एक रेफरल केंद्र है। यह विभाग सभी गैस्ट्रोइंटेस्टाइनल और पीएचबी (हिपेटॉपेन्सीआटोबिलरी) विकारों की पूरी देखभाल के लिएअत्याधुनिक, उन्नत उपकरणों से सुसज्जित है। मरीजों को जटिल जठरांत्र संबंधी समस्याओं के प्रबंधन के लिए उनकी विशेषज्ञ देखभाल उपलब्ध कराने का हमारा मेडिकल गैस्ट्रोएंटरोलॉजी / हेप्टोलोजी, इंटरवेंशनल रेडियोलॉजी और क्रिटिकल केयर इकाइयों सहितइन क्षेत्रो में द्रष्टिकोण हमें एक टीम के रुप में काम करने के लिए सक्षम बनाता है।

इन प्रमुखताओं के साथे इनरोगों के प्रबंधन में परामर्शदाताओं और डॉक्टरों की कुशल टीम का बड़ा अनुभव है:

  • लीवर, पित्तपथ, अग्न्याशय और जठरांत्र संबंधी मार्ग की आंकलोजिकल सर्जरी
  • पेन्क्रेयाटिकोबायलरी सर्जरी
  • गैस्ट्रिक और इसोफेजियल सर्जरी
  • उन्नत लेप्रोस्कोपिक सर्जिकल प्रक्रियाओं
  • विशेष कोलोरेक्टल सर्जरी
  • सूजन आंत्ररोग के लिए स्टेपल्ड और पाउच प्रक्रिया
  • रुग्ण मोटापे के लिए लेप्रोस्कोपिक सर्जरी

गैस्ट्रोइंटेस्टाइनल ऑन्कोलॉजी

कैंसर का प्रबंधन पहले से ही अस्तित्व में है उस प्रोटोकॉल के आधार पे नियंत्रित होता है। विभागों के बीच यह निकट सहयोग रोगियों को उन के रोगों के लिए एकीकृत देखभाल प्राप्त कराता है। अधिकांश अन्य केन्द्रों के विपरीत, उपचार के सभी चरणों को एक छत के नीचे पूरा किया जा सकता है। कोलोरेक्टल कैंसर, पेट और अग्न्याशय के कैंसर, के लिए उपचार, कॉलान्गियोकार्सिनोमा, इत्यादि के लिए उसर्जन और ऑन्कोलॉजिस्ट के बीच विस्तृत विचार विमर्श के बाद किया जाता है। इस बात-चीत त्येक रोगी उपचार के लिए अनुकूलन में मदद करता है। मनिपाल अस्पताल व्यापकमूल्यांकन और लीवर कैंसर का उपचार प्रदान करने के लिए एक अद्वितीय स्थिति में है, क्योंकि यहाँ उपचार के विकल्प के सभी तौर तरीकें उपलब्ध हैं और मरीज और रोग की स्थिति को सबसे अनुकूल विकल्प का प्रस्ताव किया जाता है।

एचपीबी सर्जरी

लीवर सर्जरी: यकृत / लीवर उच्छेदन लीवर ट्यूमर के लिए आमतौर किया जाता है। इसके लिए अच्छी पूर्व शल्य चिकित्सा योजना, सावधानीपूर्वक सर्जरी और पॉस्ट ओपरेटीव गहन देखभाल की आवश्यता हिपटे कोमी के अच्छे परिणम के लिए होती है।

अग्न्याशय: हम पुरानी पैन्क्रियाटाइटिस के लिए नियमित रूप से प्रमुख अग्नाशय उच्छेदन और सर्जरी करते है, जिसका परिणाम दुनिया में सबसे अच्छे केन्द्रों के साथ तुलनीय होता है। सर्जिकल उपचार क्रोनिक पैन्क्रियाटाइटिस एवं अग्नाशय के कैंसर के रोगियों के लिए प्रस्तावित किया जाता है।

    निम्न लिखित प्रक्रियाओं को नियमित रूप से किया जाता है:
  • कार्सिनोमा अग्नाशय और पॅरिएम्पुलरिकार्सिनोमा के लिए व्हिपलेसपॅनक्रिएटि को ड्युडेनेक्टॉमी
  • क्रोनिकपैन्क्रियाटाइटिस के लिए पार्श्वपैन्क्रियाटोजेजंस्टॉमी, एलपीजे के साथ हेड-कोरिंग
  • दूरस्थ अग्न्याशय (अक्सरलेप्रोस्कोपिकली किया जाता है)।
  • माध्य अग्न्याशय
  • अग्नाशय नेक्रोसेक्टोमी और जमाव के लिए सर्जरी (अक्सरलेप्रोस्कोपिकली किया जाता है)

पित्त प्रणाली के विकार:

पित्त पथरी रोग का इलाज गैस्ट्रोएंटरोलॉजी चिकित्सा के विभाग के समन्वय में किया जाता है, संयुक्त और अनुक्रमिक उपचार प्रक्रियाओं की योजना बनाने की अनुमति देने के लिए कि जिससे अस्पताल में रुकना कम करने में मदद मिलती है। जटिल सौम्य पित्तविकारों के सर्जिकल प्रबंधन पित्त पुनर्निर्माण की प्रक्रिया द्वारा किया जाता है। विभाग पित्ताशय की थैली सर्जरी के बाद पित्तनली चोटों के प्रबंधन को पूर्ण करता है और कोलेडोकल अल्सर की सारवार में दुनिया में सबसे अच्छा केन्द्रों के साथ बराबरी का परिणाम है।

पित्तनली और पित्ताशय की थैली का कैंसर

पित्त के कैंसर के लिए प्रशामक और उपचारात्मक उच्छेदन एवं प्रशामक जल निकासी प्रक्रियाओं की जाती है। उत्कृष्ट परिणाम के साथ नियमित रूप से उन्नत पित्तनली के कैंसर के लिए संयुक्त लीवर और पित्तनली उच्छेदन किया जाता है। रोगियों जिन्हे अप्रभावी रोंग हो उन्हें स्टेन्टिंग और बाईपास प्रक्रियाओं जैसे विभिन्न उपशामक उपायों को प्रस्ताव दिया जाता है।

उन्नत लेप्रोस्कोपिक सर्जरी

मणिपाल अस्पताल में टीम सभी प्रमुख जठरांत्र प्रक्रियाओं को एक न्यूनतम इनवेसिव तरीकें (लेप्रोस्कोपिक) में करने में कुशल है। यकृत और अग्न्याशय उच्छेदन, कोलोरेक्टल कैंसर के रूप में उन्नत लेप्रोस्कोपिक सर्जरी उत्कृष्ट परिणाम और शीघ्र स्वास्थ्य लाभ और डिस्चार्ज के लाभ के साथ नियमित रूप से लिया जाता हैं।

बेरिएट्रिक सर्जरी

मोटापा (रुग्ण) चयापचय और अन्य प्रणाली में शिथिलता से जुड़ी हुई वैश्विक समस्या है।इन रोगियों के लिए व्यापक मूल्यांकन के लिए मोटापा और वजन प्रबंधन क्लिनिक एक ही जगह है। रोगियों को उनकी समस्याओं के लिए मूल्यांकन, सलाह और सबसे अच्छे उपचार के विकल्प को यहाँ प्रस्तावित किया जाता है। उत्कृष्ट लघु और दीर्घ कालिक परिणामों के साथ सभी मोटापा सर्जरी को लेप्रोस्कोपीकली किया जाता हैं।

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